कर्णाटक सङ्गीत पाठाः – गीतानि

रागम्: मलहरि (मेलकर्त 15, मायामालव गौल जन्यरागम्)स्वर स्थानाः: षड्जम्, शुद्ध ऋषभम्, शुद्ध मध्यमम्, पञ्चमम्, शुद्ध धैवतम्आरोहण: स रि1 . . . म1 . प द1 . . ....
रागम्: मलहरि (मेलकर्त 15, मायामालव गौल जन्यराग)स्वर स्थानाः: षड्जम्, शुद्ध ऋषभम्, शुद्ध मध्यमम्, पञ्चमम्, शुद्ध धैवतम्आरोहण: स रि1 . . . म1 . प द1 . . ....
रागम्: मलहरि (मेलकर्त 15, मायामालव गौल जन्यराग)स्वर स्थानाः: षड्जम्, शुद्ध ऋषभम्, शुद्ध मध्यमम्, पञ्चमम्, शुद्ध धैवतम्आरोहण: स रि1 . . . म1 . प द1 . . ....
रागम्: मलहरि (मेलकर्त 15, मायामालव गौल जन्यराग)स्वर स्थानाः: षड्जम्, शुद्ध ऋषभम्, शुद्ध मध्यमम्, पञ्चमम्, शुद्ध धैवतम्आरोहण: स रि1 . . . म1 . प द1 . . ....